Raviranjankumar Mahendra
media house
Bihar18 news
Bihar
Gopalganj
vidhansabha chunav
DM SP ki briefing Gopalganj Mein nishpaksh chunav ka Disha nirdesh
ब्रेकिंग न्यूज : गोपालगंज में विधानसभा चुनाव को लेकर प्रशासनिक हलचल तेज, डीएम–एसपी ने अधिकारियों के साथ की अहम बैठक
Bihar Gopalganj=गोपालगंज से बड़ी खबर
आगामी बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। शनिवार को जिले के अंबेडकर भवन में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें जिलाधिकारी (डीएम) पवन कुमार सिन्हा और पुलिस अधीक्षक (एसपी) अवधेश दीक्षित ने संयुक्त रूप से जिले के सभी सेक्टर मजिस्ट्रेटों, पुलिस पदाधिकारियों और संबंधित अधिकारियों को विस्तृत ब्रीफिंग दी। इस अवसर पर वरीय प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी भी मौजूद रहे। बैठक में निष्पक्ष, शांतिपूर्ण और पारदर्शी चुनाव संपन्न कराने को लेकर कई आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
डीएम–एसपी ने दिया स्पष्ट संदेश : निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनाव प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता
बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी पवन कुमार सिन्हा ने कहा कि लोकतंत्र के इस सबसे बड़े पर्व को निष्पक्षता और शांति के साथ सम्पन्न कराना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने सभी सेक्टर मजिस्ट्रेटों और पुलिस अधिकारियों को सख्त निर्देश दिया कि किसी भी परिस्थिति में आचार संहिता का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
डीएम ने कहा कि प्रत्येक पदाधिकारी को अपने-अपने क्षेत्र में सक्रिय रहना होगा। संवेदनशील और अति संवेदनशील मतदान केंद्रों की पहचान की जा चुकी है, और वहां विशेष निगरानी रखी जाएगी। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी, गुटबाजी या अवैध गतिविधि की सूचना मिलते ही तुरंत कार्रवाई की जाए।
डीएम सिन्हा ने कहा, “हमारा उद्देश्य केवल चुनाव कराना नहीं, बल्कि ऐसा चुनाव कराना है जिसमें हर मतदाता को सुरक्षित वातावरण में मतदान करने का अवसर मिले। प्रशासन की जिम्मेदारी है कि वह मतदाताओं में विश्वास और सुरक्षा की भावना उत्पन्न करे।
एसपी अवधेश दीक्षित ने पुलिस व्यवस्था की समीक्षा की
पुलिस अधीक्षक अवधेश दीक्षित ने अपने संबोधन में जिले की कानून-व्यवस्था की समीक्षा करते हुए कहा कि चुनाव के दौरान पुलिस की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता को गंभीरता से लिया जाएगा।
एसपी दीक्षित ने कहा, “चुनाव के दौरान किसी भी कीमत पर अवैध हथियार, शराब या धन के उपयोग को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सभी थानेदारों को निर्देश दिया गया है कि अपने-अपने क्षेत्रों में निरंतर गश्त करें और संदिग्ध तत्वों पर कड़ी नजर रखें।”
उन्होंने बताया कि जिले के सभी थाना क्षेत्रों में पुलिस बलों की तैनाती की योजना तैयार कर ली गई है। केंद्रीय बलों के साथ समन्वय स्थापित किया जा रहा है ताकि मतदान के दिन किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना न हो
सेक्टर मजिस्ट्रेटों को मिली महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां
बैठक में डीएम और एसपी ने संयुक्त रूप से सेक्टर मजिस्ट्रेटों को उनकी भूमिकाओं और जिम्मेदारियों की विस्तार से जानकारी दी। बताया गया कि प्रत्येक सेक्टर मजिस्ट्रेट अपने क्षेत्र में मतदान केंद्रों का नियमित निरीक्षण करेंगे, इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) और वीवीपैट की सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे तथा मतदाताओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसका ध्यान रखेंगे।
डीएम ने कहा कि सेक्टर मजिस्ट्रेट अपने क्षेत्र के थानाध्यक्षों और ब्लॉक विकास पदाधिकारियों से लगातार संपर्क में रहें। किसी भी समस्या या विवाद की स्थिति में तत्काल उच्चाधिकारियों को सूचित करें ताकि त्वरित कार्रवाई की जा सके।
उन्होंने यह भी कहा कि मतदान केंद्रों पर दिव्यांग और बुजुर्ग मतदाताओं की सुविधा के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं — जैसे व्हीलचेयर, प्राथमिक चिकित्सा सुविधा, शौचालय और पेयजल की उपलब्धता।
आचार संहिता और आदर्श चुनाव व्यवहार पर विशेष जोर
- संहिता का पालन करना सभी राजनीतिक दलों, उम्मीदवारों और उनके समर्थकों की जिम्मेदारी है। उन्होंने चेतावनी दी कि किसी भी प्रकार के भड़काऊ भाषण, साम्प्रदायिक बयानबाजी या अवैध प्रचार सामग्री पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सोशल मीडिया की गतिविधियों पर भी विशेष निगरानी रखी जाए, क्योंकि अब कई बार अफवाहें या गलत सूचनाएं ऑनलाइन माध्यम से फैलती हैं, जिससे शांति भंग होने की संभावना रहती है।
डीएम ने यह भी निर्देश दिया कि जिले में सभी पोस्टर, बैनर और प्रचार वाहनों की जांच की जाए, ताकि किसी भी प्रकार का भ्रामक या विवादित सामग्री प्रसारित न हो
चुनावी लॉजिस्टिक्स की भी हुई समीक्षाबैठक में चुनावी तैयारी के भौतिक पहलुओं पर भी चर्चा हुई। डीएम ने बताया कि सभी मतदान केंद्रों पर बिजली, इंटरनेट, पेयजल, सुरक्षा और संचार की सुविधा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
ईवीएम और वीवीपैट की सुरक्षा के लिए स्ट्रॉन्ग रूम में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इसके अलावा, राउंड-द-क्लॉक निगरानी के लिए नियंत्रण कक्ष (Control Room) स्थापित किया गया है, जहां से पूरे जिले की चुनावी स्थिति पर नजर रखी जाएगी।
एसपी अवधेश दीक्षित ने कहा कि मतदान कर्मियों की सुरक्षा और लॉजिस्टिक सपोर्ट के लिए पुलिस वाहनों और एस्कॉर्ट टीमों की तैनाती की जा रही है। प्रत्येक रूट के लिए रूट चार्ट तैयार किया गया है ताकि मतदान सामग्रियां समय पर सुरक्षित पहुंच सकें।
अधिकारी बोले – चुनाव जनता के विश्वास का पर्व है
बैठक में उपस्थित वरिष्ठ अधिकारियों ने भी अपने विचार रखे। उप विकास आयुक्त (डीडीसी), अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीओ), अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) सहित अन्य विभागों के वरीय पदाधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्र की तैयारियों की जानकारी दी।
अधिकारियों ने कहा कि निष्पक्ष चुनाव जनता के विश्वास का प्रतीक है, इसलिए प्रशासन की भूमिका केवल निगरानी तक सीमित नहीं है, बल्कि उसे लोगों के बीच भरोसे का वातावरण भी बनाना है।
डीएम ने इस अवसर पर सभी कर्मियों से कहा कि “हमारा हर निर्णय और हर कदम पारदर्शिता के साथ होना चाहिए। चुनाव आयोग की मंशा यही है कि किसी भी मतदाता को दबाव, भय या प्रलोभन के बिना अपने मताधिकार का प्रयोग करने का अवसर मिले।
संवेदनशील इलाकों में बढ़ाई जाएगी चौकसी
एसपी अवधेश दीक्षित ने बैठक के दौरान स्पष्ट किया कि जिले के उन इलाकों को विशेष श्रेणी में रखा गया है जहां पूर्व में चुनावी हिंसा, बूथ कब्जा या अन्य असामाजिक गतिविधियों की घटनाएं सामने आई थीं।
ऐसे इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल और केंद्रीय अर्धसैनिक बल की तैनाती की जाएगी। हर मतदान केंद्र पर पर्याप्त संख्या में महिला पुलिसकर्मी भी रहेंगी ताकि महिला मतदाताओं को सुरक्षित माहौल मिले
डीएम पवन कुमार सिन्हा ने कहा कि चुनाव आयोग द्वारा जारी आचार

